BJP ने कई बड़े नेताओं को दरकिनार कर 9 सांसदों का टिकट काटा

BJP ने कई बड़े नेताओं को दरकिनार कर 9 सांसदों का टिकट काटा 1

नई दिल्ली

2019 का चुनाव अपने चरम पर है और इसी कड़ी में बीजेपी ने 9 और सांसदों का टिकट काट दिया है। प्रभावशाली लोगों के विरोध और किसी भी नाराजगी की चिंता किए बगैर बीजेपी ने यह कदम उठाया। बीजेपी ने जयपुर के शाही परिवार से ताल्लुक रखने वाली दीया कुमारी को राजस्थान की राजसमंद लोकसभा सीट से उम्मीदवार बनाया गया है। ऐसा करते हुए बीजेपी ने पूर्व सीएम वसुंधरा राजे से उनके संबंधों को भी नजरअंदाज कर दिया। यह दूसरा मौका है, जब बीजेपी ने ऐसा फैसला लिया है, जो वसुंधरा राजे को असहज कर सकता है। इससे पहले बीजेपी ने हनुमान बेनीवाल को नागौर से चुनाव लड़ाने का फैसला लिया है, बेनीवाल वसुंधरा से विरोध के बाद पार्टी छोड़कर चले गए थे। बेनीवाल बीजेपी के समर्थन से निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ेंगे।

दीया कुमारी की उम्मीदवारी राजसंमद लोकसभा सीट से वर्तमान उम्मीदवार हरिओम सिंह राठौर के खराब स्वास्थ्य के चलते तय की गई है, वहीं बांदा से स्थानीय विरोध के बावजूद सांसद भैरो प्रसाद मिश्रा की जगह आरके पटेल को टिकट दिया गया है। यह बदलाव इसलिए किया गया है क्योंकि इस सीट से जातिगत समीकरणों को दरकिनार करते हुए एसपी ने श्यामा प्रसाद गुप्ता को मैदान में उतारा है।

मिश्रा ने पार्टी के इस फैसले के खिलाफ धरना देने की बात भी कही, लेकिन उसका कोई फायदा नहीं हुआ। श्यामा प्रसाद गुप्ता इससे पहले इलाहाबाद लोकसभा सीट से बीजेपी के सांसद थे। जब उन्हें लगा कि बीजेपी उनका टिकट काट सकती है तो उन्होंने एसपी का दामन थाम लिया।

झांसी की लोकसभा सीट से उमा भारती की तरफ से स्वास्थ्य कारणों से चुनाव न लड़ने का ऐलान करने के बाद बैद्यनाथ ग्रुप के अनुराग शर्मा को उम्मीदवार बनाया गया है। बैद्यनाथ ग्रुप आयुर्वेदिक दवाओं में बड़ा नाम है। अनुराग शर्मा के पिता बीजेपी के बड़े नेताओं में में शामिल रहे हैं।
झारखंड के रांची सीट से पार्टी के सीनियर नेता राम तहल चौधरी को संजय सेठ के लिए सीट छोड़नी पड़ी। चौधरी इलाके के बड़े कुर्मी नेता हैं, जो इस साल 77 वर्ष के हो गए हैं। चौधरी ने बेहद आसानी से यह सीट जीती थी।

झारखंड के पूर्व मंत्री और कोडरमा से वर्तमान सांसद रवींद्र रॉय की जगह आरजेडी से पार्टी में शामिल हुई अन्नपूर्णा देवी को टिकट दिया गया है। केंद्रीय मंत्री और ग्वालियर से सांसद नरेंद्र सिंह तोमर को इस बार मुरैना से टिकट दिया गया है। वहीं ग्वालियर से विवेक सेजवाकर को टिकट दिया गया है।
राजस्थान की बाड़मेड़ सीट से वर्तमान सांसद कर्नल सोनाराम चौधरी (रिटायर्ड) की जगह कैलाश चौधरी को टिकट दिया गया है। चौधरी इस बार का विधानसभा चुनाव हार गए थे, माना जा रहा है कि इस कारण से ही उनका टिकट काटा गया है।

2014 में इस सीट से पाटी के पूर्व नेता जसवंत सिंह की जगह सोनाराम को टिकट दिया गया था। इसके बाद जसवंत सिंह ने निर्दलीय लड़ने का फैसला लिया था। बीजेपी को अभी कई महत्वपूर्ण सीटों से टिकट का ऐलान करना बाकी है। इन सीटों में गोरखपुर, देवरिया, भदौही, जौनपुर, घोसी और भोपाल शामिल है।